geeta updesh in hindi .गीता उपदेशों से कैसे करें तनाव दूर
भगवत गीता के उपदेश यदि मनुष्य अपने जीवन में उतार ले तो वह अपनर तनाव ग्रस्त जीवन से तनाव मुक्त हो सकता है साथ साथ सामाजिक जीवन को भी सुधार सकता है | लेकिन किसी भी मनुष्य के लिए सम्पूर्ण गीता के उपदेशों को अपने जीवन में लागू कर पाना या उन पर चल पाना आज के इस आधुनिक जीवन में संभव नहीं है | फिर भी गीता सार को समझ कर गीता से सीख लेकर भी आज के कष्टमय और तनाव ग्रस्त जीवन को दुःखी होकर जीने की बजाये प्रसन्नता पूर्वक भी जीया जा सकता है | Third party image reference 1. गीता में श्री कृष्ण ने कहा है कर्म किये जा फल की इच्छा मत कर लोग कर्म तो शुरू करते हैं लेकिन फल की इच्छा में उसे पूर्ण होने से पहले ही छोड़ देते हैं | जबकि थोड़ा कष्ट सहन करके बिना फल की इच्छा किये अपने कार्य को लगातार जारी रखा जाए तो उसका फल निश्चित रूप से मिलेगा | 2. गीता में उपदेश दिया गया है अपने मन की बात हमे किसी न किसी से अवश्य शेयर करनी चाहिए क्योंकि हम किसी भी बात को अपने मन में रखकर अंदर ही अंदर घुटते रहते हैं और...