संस्कार और नैतिकता सिखने के लिए इंसान को अपनों के बीच ही रहना पड़ता है
जीवन को हमेशा इंसान की क्षमताओं काबिलियत और व्यवहार से आंकना चाहिए जीवन को कभी भी अमीरी- गरीबी सफलता -असफलता से नहीं आंकना चाहिए | जीवन को हमेशा इंसान की क्षमताओं से आंकना चाहिए | उसकी काबिलियत और व्यवहार से आंकना चाहिए | ऐसा नहीं है कि जिस व्यक्ति के पास पैसा है वही सफल व्यक्ति है | क्या कोई गरीब व्यक्ति सफल व्यक्ति नहीं कहला सकता ? क्या सिर्फ एक पड़ा लिखा व्यक्ति ही सफल व्यक्ति है ? दुनिया में ऐसे कई उदाहरण आज भी मिल जाएंगे जिन्होंने गरीब होते हुए भी अभावो में रहकर भी कुछ ऐसा कर दिखाया जो एक साधन सम्पन्न सुख सुविधाओं में जीवन जीने वाला व्यक्ति नहीं कर सका | कई बार अनपढ़ व्यक्तियों ने, कम पड़े लिखे व्यक्तियों ने वो कर दिखाया जो एक उच्च शिक्षित व्यक्ति नहीं कर सका | https://images.app.goo.gl/hWVKo1uzRDgEtpAa6 संस्कार और नैतिकता सिखने के लिए इंसान को अपनों के बीच ही रहना पड़ता है इंसान की अमीरी गरीबी और पढ़ाई लि...